पीएम मोदी जम्मू-कश्मीर के 14 नेताओं से मिले, कहा- खत्म हो 'दिल्ली और दिल' की दूरी
No commentsThursday, June 24, 2021
June 24, 2021Covid-19 India: कम हुआ कोरोना का प्रभाव! बीते 24 घंटे में 1.73 लाख मामले सामने आए, 46 दिनों में सबसे कम -
No commentsFriday, May 28, 2021
May 28, 2021नई दिल्ली। भारत में कोरोनावायरस (CoronaVirus) की दूसरी लहर का प्रकोप जारी है, हालांकि आंकड़े बता रहे हैं कि संक्रमण का प्रकोप पहले से कम हुआ है। लेकिन मौत का तांडव थम नहीं रहा है। बीते दिनों इस महामारी से संक्रमित होने वाले लोगों की संख्या 4 लाख प्रतिदिन से अधिक तक जा पहुंची थी। राहत की बात यह कि अब अब प्रति दिन आने वाले संक्रमितों की संख्या 1.73 लाख तक आ पहुंची है। देखा जाए तो यह संख्या बीते 46 दिनों में सबसे कम है।
वहीं गौर किया जाए रोजाना होने वाली मौतों पर तो यह आंकड़ा अभी भी करीब 3 हजार के पार बना हुआ है। बीते 24 घंटों में 3,617 लोगों ने इस वायरस से ग्रसित होने के बाद दम तोड़ा है। हालांकि इसी समय में 2,84,601 लोग इस वायरस को हराकर ठीक भी हुए हैं।
स्वास्थ्य मंत्रालय की ओर से जारी ताजा आंकड़ों के अनुसार, पिछले 24 घंटों में 1 लाख 73 हजार 790 नए कोरोना केस आए हैं। वहीं 3 हजार 617 लोगों की जान इस वायरस ने ले ली। हालांकि राहत की बात यह कि 2 लाख 84 हजार 601 लोग कोरोना से ठीक भी हुए हैं। इससे एक दिन पहले गुरुवार को 1.86 लाख मामले सामने आए थे।
कोरोना संक्रमण के नए मामलों के दूसरी ओर देखा जाए तो देशभर में कोरोना से ठीक होने वाले मरीजों की दर अब 90.80 प्रतिशत पर पहुंच गई है। जबकि, साप्ताहिक संक्रमण दर 9.84 प्रतिशत पर है। इससे पहले शुक्रवार को भी दैनिक संक्रमण दर 8.36 प्रतिशत रही। देखा जाए तो यह लगातार पांचवा दिन है जब दैनिक संक्रमण दर 10 फीसदी से नीचे रही है।
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बात करें इस वायरस को हराने के लिए किए जा रहे टीकाकरण की तो, आंकड़ों के अनुसार, देश में कुल 20.89 करोड़ खुराकें दी जा चुकी हैं। बीते 24 घंटे में देश में पिछले कोरोना वायरस की 30,62,747 वैक्सीन लगाई गईं। जबकि कोरोना के अब तक कुल 34.1 करोड़ सैंपल टेस्ट किए जा चुके हैं।
अब तक कुल मरीजों की संख्या | 2 करोड़ 77 लाख 29 हजार 247 |
ठीक हुए मरीजों की संख्या | 2 करोड़ 51 लाख 78 हजार 011 |
कोरोना से मरने वालों की संख्या | 3 लाख 22 हजार 512 |
कुल एक्टिव मामलों की संख्या | 22 लाख 28 हजार 724 |
देश में कुल वैक्सीनेशन | 20 करोड़ 89 लाख 02 हजार 445 |
India reports 1,73,790 new #COVID19 cases, 2,84,601 discharges & 3,617 deaths in last 24 hrs, as per Health Ministry
— ANI (@ANI) May 29, 2021
Total cases: 2,77,29,247
Total discharges: 2,51,78,011
Death toll: 3,22,512
Active cases: 22,28,724
Total vaccination: 20,89,02,445 pic.twitter.com/NgfUAOgz08
. Covid-19 India: कम हुआ कोरोना का प्रभाव! बीते 24 घंटे में 1.73 लाख मामले सामने आए, 46 दिनों में सबसे कम -
No commentsनई दिल्ली। भारत में कोरोनावायरस (CoronaVirus) की दूसरी लहर का प्रकोप जारी है, हालांकि आंकड़े बता रहे हैं कि संक्रमण का प्रकोप पहले से कम हुआ है। लेकिन मौत का तांडव थम नहीं रहा है। बीते दिनों इस महामारी से संक्रमित होने वाले लोगों की संख्या 4 लाख प्रतिदिन से अधिक तक जा पहुंची थी। राहत की बात यह कि अब अब प्रति दिन आने वाले संक्रमितों की संख्या 1.73 लाख तक आ पहुंची है। देखा जाए तो यह संख्या बीते 46 दिनों में सबसे कम है।
वहीं गौर किया जाए रोजाना होने वाली मौतों पर तो यह आंकड़ा अभी भी करीब 3 हजार के पार बना हुआ है। बीते 24 घंटों में 3,617 लोगों ने इस वायरस से ग्रसित होने के बाद दम तोड़ा है। हालांकि इसी समय में 2,84,601 लोग इस वायरस को हराकर ठीक भी हुए हैं।
स्वास्थ्य मंत्रालय की ओर से जारी ताजा आंकड़ों के अनुसार, पिछले 24 घंटों में 1 लाख 73 हजार 790 नए कोरोना केस आए हैं। वहीं 3 हजार 617 लोगों की जान इस वायरस ने ले ली। हालांकि राहत की बात यह कि 2 लाख 84 हजार 601 लोग कोरोना से ठीक भी हुए हैं। इससे एक दिन पहले गुरुवार को 1.86 लाख मामले सामने आए थे।
कोरोना संक्रमण के नए मामलों के दूसरी ओर देखा जाए तो देशभर में कोरोना से ठीक होने वाले मरीजों की दर अब 90.80 प्रतिशत पर पहुंच गई है। जबकि, साप्ताहिक संक्रमण दर 9.84 प्रतिशत पर है। इससे पहले शुक्रवार को भी दैनिक संक्रमण दर 8.36 प्रतिशत रही। देखा जाए तो यह लगातार पांचवा दिन है जब दैनिक संक्रमण दर 10 फीसदी से नीचे रही है।
बात करें इस वायरस को हराने के लिए किए जा रहे टीकाकरण की तो, आंकड़ों के अनुसार, देश में कुल 20.89 करोड़ खुराकें दी जा चुकी हैं। बीते 24 घंटे में देश में पिछले कोरोना वायरस की 30,62,747 वैक्सीन लगाई गईं। जबकि कोरोना के अब तक कुल 34.1 करोड़ सैंपल टेस्ट किए जा चुके हैं।
अब तक कुल मरीजों की संख्या | 2 करोड़ 77 लाख 29 हजार 247 |
ठीक हुए मरीजों की संख्या | 2 करोड़ 51 लाख 78 हजार 011 |
कोरोना से मरने वालों की संख्या | 3 लाख 22 हजार 512 |
कुल एक्टिव मामलों की संख्या | 22 लाख 28 हजार 724 |
देश में कुल वैक्सीनेशन | 20 करोड़ 89 लाख 02 हजार 445 |
India reports 1,73,790 new #COVID19 cases, 2,84,601 discharges & 3,617 deaths in last 24 hrs, as per Health Ministry
— ANI (@ANI) May 29, 2021
Total cases: 2,77,29,247
Total discharges: 2,51,78,011
Death toll: 3,22,512
Active cases: 22,28,724
Total vaccination: 20,89,02,445 pic.twitter.com/NgfUAOgz08
. अफगानिस्तान, बांग्लादेश और पाकिस्तान से आए गैर-मुस्लिम शरणार्थियों को मिलेगी भारतीय नागरिकता, केंद्र ने मांगे आवेदन
No commentsनई दिल्ली। केंद्र ने शुक्रवार को अफगानिस्तान, बांग्लादेश और पाकिस्तान से आए गैर-मुस्लिम शरणार्थियों से भारतीय नागरिकता के लिए आवेदन मांगे हैं जो गुजरात, राजस्थान, छत्तीसगढ़, हरियाणा और पंजाब के 13 जिलों में रहते हैं। इन्हें नागरिकता के लिए ऑनलाइन अप्लाई करना होगा।
केंद्रीय गृह मंत्रालय ने नोटिफिकेशन में सिटिजनशिप एक्ट 1955 और 2009 में कानून के तहत बनाए गए नियमों के आधार पर आदेश के तुरंत पालन की बात कही गई है। भले ही 2019 में सरकार की ओर से पास किए गए सिटिजनशिप एमेंडमेंट एक्ट (CAA) के तहत नियमों को अब तक तैयार नहीं किया गया है। CAA के अनुसार, बांग्लादेश, पाकिस्तान और अफगानिस्तान से 31 दिसंबर, 2014 तक भारत आए हिंदू, सिख, जैन, बौद्ध, पारसी और ईसाई को भारतीय नागरिकता दी जाएगी।
गृह मंत्रालय ने कहा कि शरणार्थियों के आवेदन का सत्यापन राज्य के सचिव (गृह) या जिले के डीएम करेंगे। नागरिकता के लिए ऑनलाइन पोर्टल पर अप्लाई करना होगा। वहीं डीएम या राज्य के गृह सचिव केंद्र के नियमों के अनुसार एक ऑनलाइन और लिखित रजिस्टर बनाएंगे, जिसमें भारत के नागरिक के रूप में शरणार्थियों के रजिस्ट्रेशन की रजिस्ट्रेश की जानकारी होगी। इसकी एक प्रति केंद्र सरकार को सात दिनों के भीतर भेजना होगा।
किन-किन जिलों में रह रहे शर्णार्थी?
भारतीय नागरिकता के लिए आवेदन करने के पात्र शर्णार्थी वर्तमान में गुजरात के मोरबी, राजकोट, पाटन और वडोदरा, छत्तीसगढ़ के दुर्ग और बलौदा बाजार, राजस्थान के जालोर, उदयपुर, पाली, बाड़मेर और सिरोही, हरियाणा के फरीदाबाद और पंजाब के जालंधर में रह रहे हैं।

ममता के करीबी मुख्य सचिव अल्पन बंदोपाध्याय का तबादला, दिल्ली बुलाया गया - bhaskarhindi.com
No commentsDainik Bhaskar Hindi - bhaskarhindi.com, नई दिल्ली। केंद्र सरकार ने पश्चिम बंगाल के मुख्य सचिव अलपन बंद्योपाध्याय को दिल्ली बुला लिया है। उन्हें 31 मई की सुबह 10 बजे से पहले रिपोर्ट करना है। केंद्र सरकार ने बंगाल सरकार से उन्हें जल्द से जल्द रिलीव करने का अनुरोध किया है। यह कदम प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की चक्रवात यास से हुए नुकसान की समीक्षा बैठक के कुछ घंटों बाद आया, जिसमें मुख्यमंत्री ममता बनर्जी शामिल नहीं हुई थी।
केंद्र सरकार की ओर से दिए गए आदेश में कहा गया है कि कैबिनेट की अपॉइंटमेंट कमेटी ने तत्काल प्रभाव से अलपन बंद्योपाध्याय (IAS, WB:1987) की भारत सरकार के साथ सेवाओं की नियुक्ति को मंजूरी दे दी है। ये नियुक्ति इंडियन एडमिनिस्ट्रेटिव सर्विस (केडर) रूल्स, 1954 के प्रोविजन रूल 6(1) के तहत की गई है। ऐसे में बंदोपाध्याय को तुरंत कार्यमुक्त करने के लिए कहा गया है। पत्र के मुताबिक, उन्हें 31 मई तक दिल्ली में विभाग को रिपोर्ट करना होगा।
बता दें कि बतौर मुख्य सचिव अलपन बंद्योपाध्याय का कार्यकाल खत्म हो गया था, लेकिन चार दिन पहले ही ममता सरकार ने तीन महीने के लिए उनका कार्यकाल बढ़ा दिया था। अलपन बंदोपाध्याय 1987 बैच के आईएएस अफसर हैं। वो हावड़ा समेत कई जिलों के डीएम भी रह चुके हैं। उन्हें पिछले साल सितंबर में राजीव सिन्हा के रिटायर्ड होने के बाद पश्चिम बंगाल का मुख्य सचिव नियुक्त किया गया था। उन्हें ममता बनर्जी का करीबी अफसर माना जाता है।
केंद्र ने यह कदम ऐसे समय में उठाया है जब शुक्रवार को पीएम मोदी और मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की बैठक को लेकर विवाद खड़ा हो गया था। दरअसल, यास साइक्लोन से प्रभावित इलाकों का एरियल सर्वे करने पश्चिम बंगाल पहुंचे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को रिव्यू मीटिंग में हिस्सा लिया था। लेकिन इस मीटिंग में मुख्यमंत्री ममता बनर्जी शामिल नहीं हुई। ममता बनर्जी चक्रवात प्रभावित इलाकों के सर्वेक्षण के लिए निकल गईं। इस दौरान मुख्य सचिव अल्पन बंदोपाध्याय भी मौजूद थे।
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1 जून से होंगे ये 5 बदलाव, गूगल से लेकर गैस तक जानें क्या-क्या बदलने वाला है
No commentsनई दिल्ली। देशभर में एक जून से कई बदलाव देखने को मिलेंगे। जिसका सीधा असर आपकी जेब और जिंदगी पर पड़ेगा। इसलिए बेहतर होगा की आप इन नियमों के बारे में सारी जानकारी हासिल कर लें। बता दें कि 1 जून 2021 से गूगल, यूट्यूब से लेकर बैंक ऑफ बड़ौदा में चेक से पेमेंट करने का तरीका भी बदलने वाला है। तो चलिए हम आपको बताते हैं ऐसे 5 बदलावों के बारे में...
1.बैंक ने बदले अपने तरीके
बैंक ऑफ बड़ौदा 1 जून से अपने पेमेंट का तरीका बदलने वाला है। चेक से होने वाली धोखाधड़ी को रोकने के लिए “पॉजिटिव पे कन्फर्मेशन” अनिवार्य हो जाएगा।
क्या हैं पॉजिटिव पे कन्फर्मेशन
पॉजिटिव पे कन्फर्मेशन के तहत चेक की क्लियरिंग में फ्रॉड से सुरक्षा उपलब्ध कराने के लिए है। चेक ट्रांजेक्शन सिस्टम चेक को किल्यर करने के लिए एक प्रकिया है। इसमें जारी किए गए फिजिकल चेक को एक जगह से दूसरी जगह घूमना नहीं पड़ता है। चेक ट्रांजेक्शन सिस्टम की कलेक्शन की प्रकिया को तेज बना देता है।
2.Google का ऐलान
अप्रैल में ही कंपनी ने इस सर्विस का ऐलान किया था। करीब 5 साल पहले Google photos लॉन्च किया गया था। यह फीचर काफ़ी मशहूर भी हुआ था। Google photos में आप अपनी पसंदीदा तस्वीरें रख सकते है। मीडिया रिपोर्टस की माने तो आज के वक्त में Google photos में करीबन 4 ट्रिलीयन फोटोज अपलोड हैं। हर हफ्ते Google photos पर 28 बिलियन फोटोज अपलोड किए जाते हैं। Google photos की मुफ्त क्लाउड सुविधा आगामी 1 जून से बंद हो जाएगी। कंपनी इसकी जगह सब्सक्रिप्शन मॉडल लाएगी। फिलहाल Google photos में अनलिमिटेड मुफ्त स्टोरेज की सुविधा है। लेकिन, 1 जून से यह सुविधा बंद हो जाएगी। इसकी जगह पर Google one की सुविधा दी जाएगी। अब क्लाउड फोटोज के लिए चार्ज लेगा। हालांकि Google की तरफ से ग्राहकों को 15 जीबी मुफ्त क्लाउड स्टोरेज की सुविधा दी जाती है। अगर 15 जीबी से ज्यादा फोटो औऱ डॉक्यूमेंट स्टोर करेंगे तो प्रतिमाह 1.99 डॉलर यानि 146 रुपये और वार्षिक सब्सक्रिप्शन 19.99 डॉलर होगा यानि 1464 रुपये है।
3.YouTube लेकर नई नीति
ये तो Google photos की बात हुई अब जानते है YouTube को लेकर नई नीति क्या बनाई गई है। बता दें कि YouTube पर अपने वीडियो को अपलोड कर पैसे कमाना बहुत आसान था। लेकिन अब YouTube से होने वाली कमाई पर टैक्स देना होगा। हालांकि YouTube के अमेरिकन कंटेट क्रिएटर्स से कोई टैक्स नहीं लिया जाएगा। इस नीति में भारतीय कंटेट क्रिएटर्स भी शामिल है। भारतीय कंटेट क्रिएटर्स को उन्हीं वीडियो पर टैक्स देना होगा। जिनपर अमेरिकन व्यूज मिलेंगे।
4.इनकम टैक्स डिपार्टमेंट में बदलाव
1 से 6 जून तक इनकम टैक्स डिपार्टमेंट का ई- फाइलिंग पोर्टल काम नहीं करेगा। वहीं, 7 जून को इनकम टैक्स डिपार्टमेंट टैक्यपेयर्स के लिए इन्कम टैक्स ई- फाइलिंग का नया पोर्टल लॉन्च करेगा।
5.दिल्ली और मध्यप्रदेश में अनलॉक
भारत में 1 जून से दिल्ली और मध्यप्रदेश अनलॉक होगा। इन राज्यों में सबसे पहले लॉकडाउन लगाया था। कोरोना के केस कम होने की वजह से इन राज्यों में लॉकडाउन से राहत मिलेगी।

बंगाल में च्रकवात से नुकसान पर रिपोर्ट सौंपने के लिए ममता ने पीएम से की मुलाकात, समीक्षा बैठक में शामिल नहीं हुई
No commentsकोलकाता। यास साइक्लोन से प्रभावित इलाकों का एरियल सर्वे करने पश्चिम बंगाल पहुंचे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को रिव्यू मीटिंग में हिस्सा लिया। लेकिन इस मीटिंग में मुख्यमंत्री ममता बनर्जी शामिल नहीं हुई। इस घटनाक्रम ने केंद्र और ममता बनर्जी के बीच टकराव को बढ़ा दिया है। पश्चिम बंगाल के राज्यपाल ने पीएम के साथ समीक्षा बैठक न करने के लिए बनर्जी की आलोचना की।
राज्यपाल जगदीप धनखड़ ने कहा, टकराव का ये रुख राज्य या लोकतंत्र के हित में नहीं है। सीएम और अधिकारियों द्वारा गैर-भागीदारी संवैधानिकता या कानून के शासन के अनुरूप नहीं है। वहीं ममता बनर्जी ने कहा, पीएम ने बैठक बुलाई थी। मुझे नहीं पता था कि हमारी बैठक दीघा में है। मैं कलाईकुंड गई और पीएम मोदी को रिपोर्ट देते हुए उनसे दीघा और सुंदरबन के विकास के लिए 20 हजार करोड़ और 10 हजार करोड़ रूपये दोनों के लिए देने को कहा है। मैंने उनके इजाजत ली और वहां से निकल गई।
यास तूफान को लेकर बंगाल में रिव्यू मीटिंग में पीएम, बंगाल के राज्यपाल जगदीप धनखड़, सीएम ममता बनर्जी, केंद्रीय मंत्री और बंगाल से सांसद देबाश्री चौधरी और केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को मौजूद रहना था। बीजेपी नेता शुभेंदु अधिकारी को भी न्योता दिया गया था। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक ममता बनर्जी शुभेंदु को दिए न्योते से नाराज थी। ऐसे में पहले ही बता दिया गया था कि ममता बैठक शामिल नहीं होंगी।
इससे पहले दिन में, पीएम मोदी ने चक्रवात के प्रभाव पर चर्चा करने के लिए भुवनेश्वर में ओडिशा के मुख्यमंत्री नवीन पटनायक के साथ समीक्षा बैठक की। उन्होंने ओडिशा और पश्चिम बंगाल के उन हिस्सों का हवाई सर्वेक्षण भी किया जो चक्रवात यास से प्रभावित हुए हैं। बैठक के दौरान, ओडिशा सरकार ने बार-बार आने वाले चक्रवातों के कारण होने वाली समस्याओं को कम करने के लिए लॉन्ग टर्म सॉल्यूशन की मांग की। ओडिशा के स्पेशल रिलीफ कमिश्नर (एसआरसी) पी के जेना ने बैठक के बाद संवाददाताओं से कहा कि राज्य सरकार ने आपदा प्रबंधन पर होने वाले खर्च से निपटने के लिए तत्काल कोई कोष नहीं मांगा।
पीएम मोदी ने तत्काल राहत गतिविधियों के लिए 1,000 करोड़ रुपये की वित्तीय सहायता की घोषणा की। इसमें से 500 करोड़ रुपये तुरंत ओडिशा को डिस्बर्स किए जाएंगे। वहीं पश्चिम बंगाल और झारखंड के लिए घोषित 500 करोड़ रुपये नुकसान के आधार पर जारी किए जाएंगे। प्रधानमंत्री ने ओडिशा, पश्चिम बंगाल और झारखंड के लोगों को आश्वासन दिया कि केंद्र सरकार इस कठिन समय में राज्य सरकारों के साथ मिलकर काम करेगी। प्रभावित क्षेत्रों में इंफ्रास्ट्रक्चर की बहाली और पुनर्निर्माण के लिए हर संभव सहायता प्रदान करेगी।

कोरोना की दूसरी लहर का कारण है प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की नौटंकी- राहुल गांधी
No commentsनई दिल्ली। कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने आज (शुक्रवार) कोरोनावायरस महामारी को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को जमकर घेरा। राहुल गांधी ने एक वीडियो प्रेस कांफ्रेंस में पीएम मोदी को कोरोना की दूसरी लहर के लिए जिम्मेदार बताया। राहुल गांधी ने कहा, ये दूसरी वेव प्रधानमंत्री की ज़िम्मेदारी है, प्रधानमंत्री ने जो नौटंकी की, अपनी ज़िम्मेदारी पूरी नहीं की उसका कारण दूसरी वेव है। अगर वैक्सीनेशन इसी तरह से चलता गया तो मई 2024 में हिन्दुस्तान की पूरी जनता का वैक्सीनेशन होगा।
राहुल गांधी ने कहा, सरकार और प्रधानमंत्री को आज तक कोरोना समझ ही नहीं आया है। कोरोना सिर्फ एक बीमारी नहीं है, कोरोना एक बदलती हुई बीमारी है। आप इसको जितना समय और जगह देंगे ये उतना खतरनाक बनता जाएगा। राहुल गांधी ने वैक्सीनेशन की रफ्तार को लेकर केंद्र पर निशाना साधते हुए कहा, अगर इस रेट पर वैक्सीनेशन चलता गया तो तीसरी, चौथी और पांचवी लहर आएगी। हमारी मृत्यु दर झूठ है और सरकार इस झूठ को फैला रही है। सरकार को समझना चाहिए कि विपक्ष उनका दुश्मन नहीं है, विपक्ष उनको रास्ता दिखा रहा है।
राहुल गांधी ने कहा, वैक्सीन कोरोना वायरस महामारी का एक स्थायी समाधान है। लॉकडाउन, मास्क, सोशल डिस्टेसिंग अस्थाई समाधान है। वैक्सीनेशन प्लान के साथ नहीं किया गया तो एक नहीं अनेक बार लोग मरेंगे, नई लहर आती जाएगी। आज 97 फीसदी लोगों को कोरोना हो सकता है। दरवाजा खुला है। अमेरिका ने आधी आबादी को वैक्सीन लगा दी है, हम वैक्सीन कैपिटल हैं लेकिन बुरी हालत है। मैंने और बहुत लोगों ने सरकार को कई बार कोरोना को लेकर चेताया, लेकिन सरकार ने हमारा मजाक उड़ाया। प्रधानमंत्री ने तो कोरोना पर जीत की घोषणा कर दी।
राहुल गांधी ने कहा कि कोरोना महज एक बीमारी नहीं, बदलती हुई बीमारी है। जितना समय और जगह इसे देंगे उतना खतरनाक बनता जाएगा। मैंने फरवरी में ही कहा कि कोरोना को जगह मत दीजिए। कहा जाता है कि मैं लोगों को डरा रहा हूं। मैं लोगों को डरा नहीं रहा। मुझे लोगों की फिक्र है। हम किस्मत वाले हैं कि दूसरी बीमारी भी कोरोना वायरस जैसा ही है,अगली बीमारी कुछ और रूप ले सकती है। वैक्सीनेशन की संख्या बढ़ानी ही होगी। अगर ऐसा नहीं होता तो मौजूदा 3% वैक्सीनेशन के दर से अगल वेब आना तय है।
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मानसून 31 मई को भारत में देगा दस्तक, मौसम विभाग ने कहा- केरल तट से 200 किलोमीटर दूर है - bhaskarhindi.com
No commentsDainik Bhaskar Hindi - bhaskarhindi.com,नई दिल्ली। केरल के रास्ते मानसून 31 मई को भारत में दस्तक देगा। दो चक्रवाती तूफान ताऊते और यास के प्रभाव की वजह से मानसून तय समय से दो दिन पहले केरल के तट पर पहुंच जाएगा। मौसम विभाग के मुताबिक मानसून अभी सामान्य गति से चल रहा है। इसकी उत्तरी सीमा केरल के तट से अभी करीब 200 किलोमीटर दूर है। ये गुरुवार को मालदीव को पार कर चुका है। वैसे मानसून के केरल पहुंचने की तारीख 1 जून है, लेकिन मौसम विभाग ने 31 मई का अनुमान लगाया है।
मौसम विभाग ने ताऊते और यास चक्रवात के प्रभाव को देखते हुए मानसून के जल्दी आने की संभावना जताई थी। IMD के मुताबिक मानसून 27 से 29 मई के बीच आने वाला था, लेकिन अब 30 मई से 1 जून के बीच ही इसके आने की संभावना है। हालांकि 31 मई इसकी तय तारीख है। चक्रवात की वजह से केरल में मानसून के लिए ज्यादा अनुकूल परिस्थितियां बन रही हैं, यहां कई इलाकों में लगातार हल्की से मध्यम-तीव्रता वाली बारिश हो रही है। केरल के एर्नाकुलम, अलाप्पुझा, कोट्टायम, इडुक्की, पठानमथिट्टा और तिरुवनंतपुरम जिलों में 24 घंटे में 19 मिमी से 115 मिमी के बीच बारिश दर्ज की गई है।
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भारत में कोरोनावायरस: पिछले 24 घंटे में मिले 1.86 लाख मरीज, 2.71 लाख ठीक हुए, 3659 मरीजों की मौत - bhaskarhindi.com
No commentsThursday, May 27, 2021
May 27, 2021Dainik Bhaskar Hindi - bhaskarhindi.com, नई दिल्ली। भारत में कोरोनावायरस संक्रमण का असर धीरे-धीरे कम होता जा रहा है। एक्टिव केस की संख्या लगातार कम हो रही है। नए केस में भी कमी दर्ज की जा रही है। रिकवरी रेट में सुधार हुआ है। वहीं मरने वालों का आंकड़ा तीन हजार से नीचे नहीं आ रहा है। पिछले 24 घंटे में देश में 1 लाख 86 हजार 75 नए संक्रमित मिले हैं। वहीं, 2 लाख 71 हजार 2 लोग ठीक भी हुए हैं। इस दौरान 3 हजार 659 लोगों की मौत हुई है।
कोरोनावायरस संक्रमण से देश में अब तक 2 करोड़ 75 लाख 54 हजार 245 लोग संक्रमित हो चुके हैं। वहीं, 2 करोड़ 48 लाख 97 हजार 146 मरीज ठीक भी हुए हैं। जबकि 3 लाख 18 हजार 924 लोगों की कोरोना ने जान ले ली है। फिलहाल देश में कोरोनावायरस से संक्रमित 23 लाख 27 हजार 158 मरीजों का इलाद देश की अलग-अलग अस्पतालों में किया जा रहा है। कोरोना वायरस संक्रमण को लेकर देश में वैक्सीनेशन का काम भी किया जा रहा है।
नहीं थम रहीं मौतें
देश में कोरोना की दूसरी खत्म होने की कगार पर है, लेकिन मरने वालों की संख्या में कोई कमी नहीं हो रही है। मई में हर रोज औसतन 3,500 मौतें हुई हैं। ये पूरी दुनिया में सबसे ज्यादा हैं। दुनिया में अब तक सिर्फ तीन देशों में कोरोना से 3 लाख से ज्यादा लोगों ने दम तोड़ा है। इनमें अमेरिका पहले और ब्राजील दूसरे नंबर पर है। वहीं, भारत तीसरे नंबर पर बना हुआ है। एक दिन में दुनिया में सबसे ज्यादा मौते भी भारत में हुई थी। यहां 18 मई को 4529 लोगों की जान गई थी।
देश में कोरोनावायरस वैक्सीनेशन
देश में 24 घंटे में 29 लाख 19 हजार 699 लोगों को वैक्सीन लगाई जा चुकी है। 27 लाख 25 हजार 111 लोगों को वैक्सीन का पहला डोज मिला है। जबकि 1 लाख 94 हजार 588 लोगों को दूसरा डोज दिया गया है। वहीं देश में अब तक 20 करोड़ 57 लाख 20 हजार 660 लोगों को वैक्सीन लगाई जा चुकी है। जिनमें 16 करोड़ 18 लाख 50 हजार 92 लोगों को वैक्सीन का पहला डोज दिया जा चुका है। वहीं 4 करोड़ 38 लाख 70 हजार 568 लोगों को दूसरा डोज मिला है।
एक जून से अनलॉक होगा मध्य प्रदेश
मध्य प्रदेश में 1 जून से जिलों को अनलॉक करने की प्रक्रिया शुरु होगी। बुधवार को उज्जैन पहुंचे मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने क्राइसिस मैनेजमेंट की बैठक में ये संकेत दिए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमें जून से सारी चीजें खोलनी हैं। कोरोना संक्रमण को रोकने के व्यवहार का पालन जनता को करना पड़ेगा। सभी संकल्प करें कि 31 मई तक कोई ढिलाई नहीं। आज से 11 दिन हैं, अगर हम जी जान से जुट गये तो कोरोना को पूरी तरह खत्म कर के छोड़ेंगे। सीएम ने कहा कि ओवर कॉन्फिडेंस में नहीं रहना है। कोरोना अभी खत्म नहीं हुआ है।
31 मई तक इंदौर-भोपाल में सख्ती
भोपाल संभाग में अगले 31 मई तक कोरोना कर्फ्यू रहेगा। इस बार सख्ती भी ज्यादा रहेगी। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने भोपाल, विदिशा, राजगढ़, सीहोर व रायसेन के कलेक्टराें को 10 दिन तक सख्ती बढ़ाने को कहा है। क्राइसिस मैनेजमेंट की बैठक में तय हुआ कि भोपाल में 31 मई तक लॉकडाउन बढ़ाया जाएगा। इंदौर में भी 1 जून से लॉकडाउन की पाबंदियों से रियायत मिलनी शुरू हो जाएंगी। कलेक्टर मनीष सिंह ने शुक्रवार को इस बात के संकेत दिए। इससे पहले मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने उज्जैन संभाग के जिलों को 1 जून से धीरे-धीरे खोलने का ऐलान किया था।
इन राज्यों में लॉकडाउन
देश के 19 राज्यों में पूर्ण लॉकडाउन जैसी पाबंदियां हैं। इनमें हिमाचल प्रदेश, हरियाणा, दिल्ली, राजस्थान, उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड, छत्तीसगढ़, ओडिशा, मध्यप्रदेश, महाराष्ट्र, कर्नाटक, केरल, तमिलनाडु, मिजोरम, गोवा, तेलंगाना, पश्चिम बंगाल और पुडुचेरी शामिल हैं। यहां पिछले लॉकडाउन जैसे ही कड़े प्रतिबंध लगाए गए हैं।
इन राज्यों में सख्त पाबंदी
देश के 13 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में आंशिक लॉकडाउन है। यानी यहां पाबंदियां तो हैं, लेकिन छूट भी है। इनमें पंजाब, जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, उत्तराखंड, अरुणाचल प्रदेश, सिक्किम, मेघालय, नगालैंड, असम, मणिपुर, त्रिपुरा, आंध्र प्रदेश और गुजरात शामिल हैं।
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ओडिशा और पश्चिम बंगाल जाएंगे पीएम मोदी, तूफान से प्रभावित इलाकों का दौरा करेंगे - bhaskarhindi.com
No commentsDainik Bhaskar Hindi - bhaskarhindi.com, नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी चक्रवात के प्रभावों की समीक्षा करने के लिए शुक्रवार को ओडिशा और पश्चिम बंगाल दोनों का दौरा करेंगे। पीएम सबसे पहले भुवनेश्वर जाएंगे जहां वह समीक्षा बैठक करेंगे। इसके बाद वह बालसोर, भद्रक और पूर्वी मिदनापुर के प्रभावित इलाकों का हवाई सर्वेक्षण करेंगे। इस दौरान पीएम मोदी पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के साथ समीक्षा बैठक भी करेंगे।
प्रधानमंत्री के दौरे से पहले गुरुवार को पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ने प्रेस कॉन्फ्रेंस की। इस दौरान उन्होंने कहा कि जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी राज्य के दौरे पर आएंगे तब वह चक्रवाती तूफान ‘यास’ से हुई तबाही की समीक्षा करने के लिए उनके साथ बैठक करेंगी। बनर्जी ने बताया कि यह बैठक मिदनापुर जिले के कलाईकुंडा में होगी। मुख्यमंत्री बनर्जी का मुख्य सचिव अलपन बंदोपाध्याय के साथ चक्रवात प्रभावित पूर्वी मिदनापुर, उत्तर और दक्षिण 24 परगना जिले के इलाके का हवाई सर्वेक्षण करने का भी कार्यक्रम है।
बता दें कि इस महीने देश को दो बार भीषण तूफान का सामना करना पड़ा है। तूफान ने बंगाल और ओडिशा में भारी तबाही मचाई है। कई जिलों में लोगों की जान भी गयी हैं और भारी मात्रा में नुकसान हुआ है। पश्चिम बंगाल सरकार ने दावा किया है कि चक्रवात के कारण कम से कम एक करोड़ लोग प्रभावित हुए हैं। ‘ताउते’ के बाद एक सप्ताह के भीतर देश के तटों से टकराने वाला ‘यास’ दूसरा चक्रवाती तूफान है।
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केंद्र सरकार का ट्विटर को जवाब, यहां वहां की बात न करते हुए देश के कानूनों का पालन करने की जरुरत - bhaskarhindi.com
No commentsDainik Bhaskar Hindi - bhaskarhindi.com, नई दिल्ली। ट्विटर इंक के भारत में उनके स्टाफ की सुरक्षा को लेकर चिंता जाहिर करने के बाद केंद्र सरकार का जवाब आया है। केंद्र सरकार ने ट्विटर के इस बयान का यह कहते हुए खंडन किया कि सोशल मीडिया इंटरमीडियरी का स्टेटमेंट दुनिया के सबसे बड़े लोकतंत्र को अपनी शर्तों को डिक्टेट करने का प्रयास है। ट्विटर देश की कानूनी व्यवस्था को कमजोर करने की कोशिश कर रहा है।
मिनिस्ट्री ऑफ इलेक्ट्रॉनिक्स एंड इंफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी ने कहा कि ट्विटर को यहां वहां की बात न करते हुए देश के कानूनों का पालन करने की जरुरत है। कानून बनाना और नीति तैयार करना संप्रभु का एकमात्र विशेषाधिकार है और ट्विटर सिर्फ एक सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म है और भारत की कानूनी नीति की रूपरेखा क्या होनी चाहिए, यह तय करने में इनका कोई स्थान नहीं है।
इससे पहले दिन में ट्विटर ने कहा था, हमारी सर्विस पब्लिक बातचीत और कोरोना महामारी में लोगों के सपोर्ट के लिए काफी उपयोगी साबित हुई है। अपनी सर्विस को जारी रखने के लिए हम भारत में नए लागू कानून का पालन करने का प्रयास करेंगे। लेकिन, जैसा हम दुनियाभर में करते हैं वैसे ही हम यहां भी ट्रांसपेरेंसी पर फोकस रखेंगे।
हम हर आवाज को मजबूत बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। हम अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता और निजता के लिए लड़ाई लड़ते रहेंगे। हम भारत में अपने कर्मचारियों के साथ हुए हाल की घटनाओं और जिन लोगों को हम सर्विस देते हैं उनके फ्रीडम ऑफ एक्सप्रेशन से चिंतित है।
बता दें कि, दिल्ली पुलिस टूलकिट मामले में नोटिस देने के लिए सोमवार को ट्विटर के ऑफिस में पहुंची थी। दिल्ली पुलिस का कहना है कि वो एक शिकायत की जांच कर रही है, जिसमें संबित पात्रा के ट्वीट को मैनुपुलेटिव फ्लैग करने पर सफाई मांगी गई है। पुलिस का कहना है कि लगता है ट्विटर के पास ऐसी कोई जानकारी है, जो हमारे पास नहीं है, जिसकी वजह से उन्होंने संबित पात्रा के ट्वीट को मैनुपुलेटेड करार दिया था।
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भारत में एक दिन में 1 करोड़ लोगों को लगेगी कोरोना वैक्सीन, डॉ. वीके पॉल बोले- लक्ष्य हासिल करने में ज्यादा वक्त नहीं लगेगा - bhaskarhindi.com
No commentsDainik Bhaskar Hindi - bhaskarhindi.com, नई दिल्ली। कोरोनावायरस संक्रमण के बीच वैक्सीनेशन के काम को लेकर जानकारी देते हुए नीति आयोग के सदस्य डॉ. वीके पॉल ने कहा कि हम एक दिन में करोड़ डोज देंगे। ये कुछ सप्ताह में संभव हो सकेगा। हमें इसकी तैयारी करनी होगी। हमने पहले भी एक दिन में 43 लाख वैक्सीन की डोज संभव किए। हमें इसे अगले 3 सप्ताह में 73 लाख तक लाना होगा। हमें इसे हासिल करने के लिए एक सिस्टम बनाना चाहिए।
We'll have to prepare to give 1 cr doses in a day. It'll be possible in few weeks, we'll have to prepare. We made possible 43 lakh doses in a day. We should bring it up to 73 lakh in next 3 weeks. We should make a system to achieve it: Dr VK Paul, Member-Health, Niti Aayog,to ANI pic.twitter.com/YbOwBZ6Wm5
— ANI (@ANI) May 27, 2021
हम कंपनी के संपर्क में हैं। वैक्सीन को लेकर लगातार फैसले लिए जा रहे हैं। इस प्रक्रिया को तेज कर दिया गया है। उनकी चिंताओं का समाधान किया जा रहा है। उन्हें औपचारिक रूप से आवेदन करना होगा। हम जल्द ही कोई समाधान निकालेंगे।
#WATCH | We are in contact with the company, decisions are being made. This process has been escalated... Their concerns are being addressed. They have to formally apply. We will come to a solution soon: Dr VK Paul Member-Health, Niti Aayog to ANI on Pfizer vaccines pic.twitter.com/SyGgkGaysj
— ANI (@ANI) May 27, 2021
बच्चों के टीकाकरण पर डॉ वीके पॉल ने कहा कि कोवैक्सिन को अनुमति मिल गई है, वे बच्चों पर क्लिनिकल ट्रायल शुरू करेंगे, मुझे लगता है कि वे व्यवस्थित तरीके से 2 साल की उम्र तक जा रहे हैं। मुझे बताया गया है कि सीरम इंस्टीट्यूट नोवावैक्स का बच्चों पर क्लिनिकल ट्रायल शुरू करना चाहता है।
This has always been on our radar. Covaxin has received permission, they will start pediatric trial, I think they are going all the way to 2 years of age in a systematic way...I have been told that SII wants to begin pediatric trial of Novavax: Dr VK Paul, Niti Aayog to ANI pic.twitter.com/B6HeODpg7h
— ANI (@ANI) May 27, 2021
1-2 देश अब ऐसा करना शुरू कर दिए हैं। डब्ल्यूएचओ ने अभी तक बच्चों की आबादी को सामान्य रूप से वैक्सीन से कवर करने के लिए कोई सिफारिश नहीं की है क्योंकि बड़ी संख्या में बच्चों में कोई भी बीमारी बहुत हल्की होती है। यदि हम इसे लेकर मौतों के आंकड़ों को लेकर सार्वजनिक स्वास्थ्य पर जाते हैं तो यह कम प्राथमिकता पर है।
उन्होंने कहा कि यह कहना कि वैक्सीन की आपूर्ति बंद हो गई है, यह कहना सही नहीं है। सच्चाई यह है कि वैक्सीन का उपलब्ध उत्पादन में से राज्य सरकार सहित गैर सरकारी चैनलों को एक अलग हिस्सा उपलब्ध है, जिसका उपयोग राज्य सरकार द्वारा लचीले दृष्टिकोण के अनुसार लोगों को टीकाकरण के लिए किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि इसके अलावा शेष 50 फीसद के लिए एक विशेष चैनल बनाया गया, जहां राज्य सरकारें और निजी क्षेत्र टीके खरीद और आपूर्ति कर सकते हैं।
उन्होंने कहा कि निजी क्षेत्र से जो भी राज्य खरीदता है, राज्य सरकारों को यह तय करना होता है कि इसे किस समूह को दिया जाना है और आगे ले जाना है। राज्य हमारी वैक्सीन उत्पादन क्षमता को जानते हैं। जब राज्यों ने कहा कि वे लचीलापन चाहते हैं और टीके की खरीद में भागीदारी की बात कही तो एक नई प्रणाली लाई गई, जिसमें केंद्र सरकार घरेलू स्तर पर उत्पादित 50 फीसद टीकों की खरीद करेगा, वहीं राज्यों के लिए 45 वर्ष से ज्यादा समूह के लिए मुफ्त है।
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उप्र में वैक्सीन का कॉकटेल, स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा- अलग-अलग वैक्सीन की डोज से खास फर्क नहीं पड़ता - bhaskarhindi.com
No commentsDainik Bhaskar Hindi - bhaskarhindi.com, नई दिल्ली। उत्तर प्रदेश के सिद्धार्थनगर जिले में लगभग 20 ग्रामीणों को कोवैक्सिन और कोविशील्ड दोनों के डोज दे दिए गए। मामले ने तूल पकड़ा तो स्वास्थ्य मंत्रालय को सफाई देने के लिए सामने आना पड़ा। गुरुवार को नीति आयोग सदस्य डॉ. वी. के. पॉल ने कहा कि अगर अलग-अलग वैक्सीन की डोज भी लग गई हैं तो कुछ खास फर्क नहीं पड़ता। हालांकि उन्होंने यह भी साफ किया कि प्रोटोकॉल स्पष्ट है दिए गए दोनों डोज एक ही वैक्सीन की होनी चाहिए।
डॉ. पॉल ने कहा कि जहां अलग-अलग वैक्सीन की डोज लगा दी गई है उस केस की जांच होनी चाहिए। उन्होंने ये भी कहा कि ऐसा साइंटिफिक नेरेटिव चल रहा है कि एक वैक्सीन के बाद अगर दूसरी डोज दूसरी वैक्सीन की दी जाए तो इससे इम्युनिटी और भी ज्यादा होती है। लेकिन इस नेरेटिव को परखने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि अभी सभी हेल्थवर्कर्स से यही अपील है कि वह ये सुनिश्चित करें कि जिसे जिस वैक्सीन की पहली डोज दी गई है उसे दूसरी डोज भी उसी वैक्सीन की लगे। अभी सभी को प्रोटोकॉल फॉलो करना है।
बता दें कि उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ से करीब 270 किलोमीटर दूर एक प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में ग्रामीणों को पहली डोज कोविशील्ड की लगाई गई और फिर दूसरी खुराक के रूप में कोवाक्सिन दिया गया। सिद्धार्थनगर के मुख्य चिकित्सा अधिकारी संदीप चौधरी ने कहा, यह निश्चित रूप से एक भूल है। सरकार की ओर से टीकों के कॉकटेल को प्रशासित करने के लिए कोई निर्देश नहीं हैं। हमने जांच के आदेश दिए थे और रिपोर्ट प्राप्त कर ली है। मैंने दोषी लोगों से स्पष्टीकरण मांगा है।
अधिकारी ने दावा किया कि किसी भी ग्रामीण को इसके कारण कोई प्रतिकूल प्रभाव नहीं पड़ा है। CMO ने कहा कि जिन-जिन लोगों को अलग-अलग टीका लगाया गया है उनसे हमारी टीम ने बात की। वह सभी स्वस्थ हैं और उन्हें किसी भी तरह की दिक्कत नहीं हुई है। हालांकि ग्रामीणों ने बताया कि स्वास्थ्य विभाग से कोई भी उनकी जांच करने नहीं आया था। एक बुजुर्ग राम सूरत ने कहा, मुझे बाद में पता चला कि मुझे कोवैक्सिन दिया गया था। एक डॉक्टर ने हमें बताया कि कुछ गड़बड़ हो गई है।
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अधिकारियों को PM मोदी के निर्देश- ब्लैक फंगस की दवा जहां भी मौजूद हो भारत में लाए - bhaskarhindi.com
No commentsDainik Bhaskar Hindi - bhaskarhindi.com, नई दिल्ली। कोरोना वायरस के बाद भारत के लिए चुनौती बनता जा रहा हैं, ब्लैक फंगस। देश में अब तक इसके 11 हजार 717 मामले दर्ज किए गए है। वहीं, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज अधिकारियों के साथ बैठक की। इस दौरान उन्होंने कहा कि, दुनिया के जिस कोने में यह दवाई उपलब्ध हो, उसे तुरंत भारत लाया जाएं। इस दवाई के उत्पादन के लिए भारत ने पांच और कंपनियों को इसे बनाने का लाइसेंस दिया है।
मीडिया रिपोर्टस के मुताबिक पीएम मोदी ब्लैक फंगस को लेकर लगातार बैठक कर रहे हैं। उन्होंने अधिकारियों को आदेश दिया है कि, दुनिया भर में फैले भारतीय दूतावास यह दवा अपने-अपने देशों से उपलब्ध करवाए। इस प्रक्रिया में दूतावास जुट गए है।
Liposomal Amphotericin B की जरुरत सबसे ज्यादा
भारत में इस दवा की अब तक तीन डोज राज्यों को भेजी गई है। लेकिन, इसके बाद भी यह दवा पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध नहीं है। कल केंद्रीय मंत्री डीवी सदानंद ने एक ट्वीट कर जानकारी दी कि राज्यों एवं केंद्र शासित प्रदेशों में Amphotericin- B के 29 हजार 250 वायल आवंटित किए गए है। ये आवंटन राज्यों में मौजूदा केस के आधार पर किया गया है। इससे पहले भी राज्यों को दो बार खुराक दी गई थी। पहली खुराक 21 मई दी गई थी और दूसरी 24 मई को।
अमेरिकी कंपनी ने किया सहयोग
गलियड साइंसेज नाम की कंपनी से भारत को मदद मिल रही है। बता दें कि ये कंपनी भारत को रेमडेसिविर भी उपलब्ध करा रही है। अब ये कंपनी Amphotericin- B भी भारत को उपलब्ध करा रही है। अभी तक इसकी 1 लाख 21 हजार वायल भारत भेजी जा चुकी है और 85 हजार वायल भेजी जानी है। गलियड साइंसेज भारत को 10 लाख डोज देगी।
सबसे ज्यादा मामले गुजरात में
गुजरात में इस फंगस के 2 हजार 859 ,महाराष्ट्र में 2 हजार 770 ,आंध्र प्रदेश में 768 मामले, उत्तरप्रदेश में 701, केरल और झारखंड में 400 से ज्यादा मामले दर्ज किए गए।
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चक्रवात 'यास' ने ओडिशा के बाद बंगाल में दी दस्तक, 3.8 तीव्रता के साथ आया भूकंप, तेज हवाओं के साथ बारिश, झारखंड-बिहार में अलर्ट - bhaskarhindi.com
No commentsDainik Bhaskar Hindi - bhaskarhindi.com, कोलकाता/उड़ीसा। इस साल के दूसरे चक्रवात 'यास' ने ओडिशा के बाद बंगाल में भूकंप के साथ दस्तक दी है। जलपाईगुड़ी में बुधवार दोपहर के समय 3.8 तीव्रता का भूकंप आया। इसका एपीसेंटर मालबाजार में 5 किलोमीटर गहराई पर बताया जा रहा है। तूफान की वजह से हो रही मूसलाधार बारिश के बाद हावड़ा में गंगा नदी का जलस्तर बढ़ गया है। नदी का पानी बेलूर मठ के अंदर भर गया है।
इससे पहले 'यास' करीब 9 बजे ओडिशा के भद्रक जिले के तट से टकराया। तूफान के साथ तेज हवाएं चल रही हैं। समुद्र में ऊंची लहरें उठ रही हैं। कई कॉलोनियों में समुद्र का पानी भर गया है। 10.30 से 11.30 के बीच यास दक्षिणी बालासोर के 20 किलोमीटर करीब से गुजरा। इस दौरान 140 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलीं। तूफान का असर बंगाल, बिहार, झारखंड, तमिलनाडु और कर्नाटक तक देखने को मिल रहा है। मौसम विभाग (IMD) ने तूफान के लैंडफॉल की पुष्टि की है।
#WATCH ओडिशा: भद्रक ज़िले के धामरा में तेज हवाएं और बारिश की वजह से समुद्र का पानी बढ़ा। पानी बढ़ने की वजह से रिहायशी इलाकों में पानी घुसा।
— ANI_HindiNews (@AHindinews) May 26, 2021
मौसम विभाग के अनुसार, #CycloneYaas की लैंडफॉल की प्रक्रिया जारी है। इसे पूरा होने में करीब 3 घंटे का समय लगेगा। pic.twitter.com/Fg5mSvHJJS
IMD महानिदेशक मृत्युंजय महापात्र ने बताया कि कल सुबह ये झारखंड पहुंचेगा तब इसके हवा की गति 60-70 किलोमीटर प्रति घंटे होगी। इसकी सबसे ज्यादा नुकसान पहुंचाने वाली हवा बालेश्वर, भद्रक और पश्चिम बंगाल के मिदिनीपुर में चल रही है। ओडिशा के अंदर के ज़िलों में भी हवा की गति 60-70 किलोमीटर प्रति घंटे रहेगी। तूफान बालेश्वर के दक्षिण में ओडिशा तट को पार कर रहा है। अभी इसके हवा की गति 130-140 किलोमीटर प्रति घंटे है। लैंडफॉल प्रक्रिया अभी चल रही है जो 3 घंटे में पूरी होगी। इसके बाद ये कमजोर होकर उत्तर पश्चिम दिशा में गति करेगा।
IMD महानिदेशक मृत्युंजय महापात्र ने बताया कि झारखंड में आज और कल भारी से भारी बारिश हो सकती है। बिहार, सब हिमालयन पश्चिम बंगाल और सिक्किम में भी आज और कल आइसोलेटेड भारी बारिश से भारी बारिश हो सकती है। असम मेघालय में भी आज आइसोलेटेड भारी बारिश होने की उम्मीद है। ये सभी हवा की गति आज रात तक रहेगी उसके बाद काफी हद तक कम हो जाएगी। आज भी उत्तर ओडिशा और तटीय ओडिशा में भारी से भारी बारिश होने की संभावना है। पश्चिम बंगाल में भी आज आइसोलेटेड भारी से बहुत भारी बारिश होगी, कल भी अंदर के ज़िलों में बारिश हो सकती है।
165 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं
मौसम विभाग के मुताबिक यास तूफान के पारादीप और सागर आइलैंड के बीच बुधवार को टकराने के आसार हैं। इसके असर से 165 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं और 2 मीटर से 4.5 मीटर तक लहरें उठ सकती हैं।
हवाई सेवाओं से लेकर ट्रेन तक रद्द
ओडिशा और बंगाल के तटीय इलाकों में बारिश जारी है। कुछ ही घंटों में तूफान ओडिशा के तट से टकराएगा। यास चक्रवात तूफान की वजह से खराब हुए मौसम के कारण कोलकाता एयरपोर्ट से आज सुबह 8:30 बजे से उड़ने वाली फ्लाइट्स को शाम 7:45 बजे तक के लिए स्थगित कर दिया है। वहीं, भारतीय रेलवे ने ओडिशा-बंगाल की सभी ट्रेनों को कैंसिल कर दिया है। तूफान के अलर्ट के कारण ओडिशा-बंगाल के अलावा बिहार एवं झारखंड की भी कई ट्रेनें रद्द की गई हैं।
राज्यपाल ने लिया स्थिति का जायजा
पश्चिम बंगाल के राज्यपाल जगदीप धनखड़ कोलकाता के अलीपुर स्थिति मौसम विभाग के ऑफिस पहुंचे। यहां उन्होंने चक्रवात से निपटने के लिए मौजूद साधनों का जायजा लिया।
रेलवे ने रद्द की ट्रेनें
ईस्टर्न रेलवे ने मालदा-बालुरघाट पैसेंजर ट्रेन को 26 और 27 मई के लिए रद्द कर दी। वहीं, बंगाल के ईस्ट मिदनापुर में चक्रवात के दौरान एक्सीडेंट से बचाने के लिए ट्रेनों को चैन से बांधा गया।
शेल्टर होम में शिफ्ट किए गए लोग
ओडिशा के बासुदेवपुर में 300-400 लोगों को शेल्टर होम में शिफ्ट किया गया है। यहां भोजन समेत सभी जरूरी सुविधाएं उपलब्ध हैं। धमरा में तेज बारिश के साथ जमकर आंधी चली।
11.2 लाख लोगों को सुरक्षित जगह पहुंचाया गया
पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने कहा कि 11.2 लाख लोगों को सुरक्षित जगह पहुंचाया गया। हालिशहर में 40 हजार से ज्यादा घरों को नुकसान हुआ। इस दौरान 4-5 लोग घायल भी हुए। छुछुरा में भी करीब इतने ही घर क्षतिग्रस्त हुए, जबकि पंदुआ में बिजली गिरने से 2 लोगों की मौत भी हुई।
ओडिशा के हाई रिस्क जोन में तब्दील हुए ये जिले
1.बालासोर
2.भद्रक
3.केंद्रपारा
4.जगतसिंघपुर
5.मयूरभंज
6.केओनझार
ओडिशा के दक्षिण में बालासोर के पास बढ़ रहा है 'यास'
VERY SEVERE CYCLONIC STORM ‘YAAS’ CENTRED ABOUT 40 KM EAST OF DHAMRA AND 90 KM SOUTH-SOUTHEAST OF https://t.co/usAtM8ohaq CROSS NORTH ODISHA-WEST BENGAL COASTS TO THE NORTH OF DHAMRA AND SOUTH OF BALASORE NOON OF 26TH MAY AS A VSCS WITH WIND SPEED OF 130-140 KMPH. pic.twitter.com/UW0y8KfJRE
— India Meteorological Department (@Indiametdept) May 26, 2021
पश्चिम बंगाल में चक्रवात 'यास' का असर
#WATCH पश्चिम बंगाल: पूर्वी मिदनापुर के दीघा में तेज़ हवाओं के साथ समुद्र में ऊंची लहरें उठ रही हैं। #CycloneYaas pic.twitter.com/EAqrjVu7sk
— ANI_HindiNews (@AHindinews) May 26, 2021
ओडिशा राज्य में चक्रवात 'यास' का असर
#WATCH ओडिशा: बालासोर ज़िले के चांदीपुर में तेज़ हवा चलने के साथ बारिश हो रही है। #CycloneYaas pic.twitter.com/5VaoMr9GqZ
— ANI_HindiNews (@AHindinews) May 26, 2021
धामरा में लैंडफॉल होने की उम्मीद है- मौसम विभाग
#WATCH ओडिशा: भद्रक ज़िले के धामरा में तेज हवाओं के साथ भारी बारिश हो रही है। #CycloneYaas
— ANI_HindiNews (@AHindinews) May 26, 2021
'भीषण चक्रवाती तूफान' आज दोपहर तक 130-140 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाओं के साथ लैंडफॉल होने की उम्मीद है: मौसम विभाग pic.twitter.com/SNEwccePeV
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संबित पात्रा बोले- भारत में 6 कंपनियां बनाएगी स्पुतनिक वैक्सीन, भारत बायोटेक अक्टूबर तक 10 करोड़ टीके प्रतिमाह बनाने लगेगी - bhaskarhindi.com
No commentsDainik Bhaskar Hindi - bhaskarhindi.com, नई दिल्ली। भारत में कोरोना वैक्सीन की कमी को लेकर विपक्ष केंद्र सरकार पर हमलावार है। ऐसे में विपक्ष के आरोपों का बीजेपी प्रवक्ता संबित पत्रा ने जवाब दिया है। बीजेपी प्रवक्ता ने कहा कि विपक्ष द्वारा ये भ्रम फैलाया जाता है कि केंद्र सरकार बाहर से देश में वैक्सीन लाने के लिए उचित कदम नहीं उठा रही। सच ये है कि विगत वर्ष के मध्य से ही वैक्सीन के इंपोर्ट के लिए भारत सरकार पूरी तरह लगी है।
पात्रा ने कहा, सरकार की बातचीत का ही नतीजा रहा है कि रूस की स्पूतनिक वैक्सीन भारत लाई गई और किस प्रकार डॉ. रेड्डी लैब के साथ उसका उत्पादन भारत में बढ़ाया जाएगा, अब वो तकनीक भी भारत में लायी जाएगी। उन्होंने कहा, भारत बायोटेक के पास अपना लाइसेंस है। केंद्र सरकार ने ये निर्धारित किया कि भारत बायोटेक अपने लाइसेंस को तीन और कंपनियों के साथ शेयर करे, ताकि वो भी को-वैक्सीन के उत्पादन को शुरु कर सकें।
भारत बायोटेक फिलहाल लगभग 1 करोड़ वैक्सीन प्रतिमाह बनाती है, वो अक्टूबर तक 10 करोड़ वैक्सीन प्रतिमाह बनाने लगेगी। ऐसा विश्व में किसी भी और कंपनी या देश में देखने को नहीं मिलता। स्पुतनिक को लेकर भारत में जो वैक्सीन का उत्पादन होगा, वो 6 कंपनियां करेंगी। कुछ और कंपनियों को कोविड सुरक्षा स्कीम के तहत लिब्रल फंडिंग देकर भारत सरकार ने वैक्सीन के उत्पान को बढ़ाने का प्रयास किया है।
संबित पात्रा ने कहा, अरविंद केजरीवाल जी ने ये बात कहकर भ्रम फैलाने की कोशिश की कि देश बच्चों को वैक्सीन नहीं दे रहा। वैक्सीनेशन वैज्ञानिक तरीका है, पूरे विश्व में कहीं भी बच्चों को टीका नहीं दिया जा रहा। अभी इसका ट्रायल चल रहा है। भारत में भी यथाशीघ्र ये ट्रायल शुरु हो रहा है। केंद्र सरकार ने दिल्ली को 45 लाख से ज्यादा वैक्सीन मुफ्त दिये हैं। इसके अलावा दिल्ली सरकार ने 8 लाख वैक्सीन कंपनियों से डायरेक्ट प्रोक्योर किये हैं। प्राइवेट अस्पतालों ने अपने बूते पर 9 लाख से ज्यादा वैक्सीन प्रोक्योर किए हैं।
संबित पात्रा ने कहा, दिल्ली सरकार से ज्यादा प्राइवेट अस्पतालों ने वैक्सीन प्रोक्योर किए हैं। दिल्ली में अब तक 52 लाख लोगों को वैक्सीन लगी है। आंकड़ों के अनुसार दिल्ली सरकार ने अपने दम पर मात्र 13 प्रतिशत लोगों को ही वैक्सीन लगाया है।
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भारत सरकार के नए IT नियमों का पालन करेगा गूगल, CEO सुंदर पिचाई बोले- स्थानीय कानूनों का पालन करने के लिए हम प्रतिबद्ध हैं
No commentsडिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। गूगल भारत सरकार द्वारा बनाए गए नए आईटी नियमों का पूरी तरह से पालन करेगा। गूगल के सीईओ सुंदर पिचाई ने कहा कि हम सरकार द्वारा बनाए गए नियमों का पालन करने के लिए प्रतिबद्ध है। हम किसी भी देश के स्थानीय नियमों का सम्मान करते हैं। हमारा नजरिया इस दिशा में रचनात्मक रहता है। हमारी ट्रांसपेरेंसी रिपोर्ट साफ है। हम सरकारी अनुरोधों का पालन करते हैं, तो हम इसका उल्लेख अपनी पारदर्शिता रिपोर्ट में करते हैं।
वहीं, वॉट्सऐप कंपनी ने सरकार के नए नियमों के खिलाफ दिल्ली हाईकोर्ट का रूख किया है। वॉट्सऐप ने कोर्ट में दलील दी कि सरकार के नए नियमों से लोगों की प्राइवेसी खत्म हो जाएगी। मैसेजिंग ऐप से चैट को ट्रेस करना लोगों की निजता के अधिकार का उल्लंघन होगा। वहीं, कानून मंत्रालय ने कहा है कि वॉट्सऐप यूजर का डेटा फेसबुक से शेयर करना चाहता है। वहीं, फेक न्यूज पर रोक लगाने के लिए जरूरी गाइडलाइंस लागू न करने के लिए कोशिश करता है।
वहीं ट्विटर ने कहा है कि हमारी सर्विस पब्लिक बातचीत और कोरोना महामारी में लोगों के सपोर्ट के लिए काफी उपयोगी साबित हुई है। अपनी सर्विस को जारी रखने के लिए हम भारत में नए लागू कानून का पालन करने प्रयास करेंगे। लेकिन, जैसा हम दुनियाभर में करते हैं वैसे ही हम यहां भी ट्रांसपेरेंसी पर फोकस रखेंगे। हम हर आवाज को मजबूत बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। ट्वीटर ने आईटी नियमों का पालन करने के लिए तीन महीनों का समय मांगा है।
केंद्र ने गाइडलाइंस के पालन पर पूरा जोर दिया है।विशंकर प्रसाद ने कहा कि नए नियम से आम वॉट्सऐप यूजर्स को डरने की जरूरत नहीं है। इसका मकसद यह पता लगाना है कि नियमों में बताए गए कुछ अपराधों को अंजाम देने वाले संदेश की शुरुआत किसने की। उन्होंने कहा कि ऑफेंसिव मैसेज के पहले ओरिजिनेटर के बारे में जानकारी देना पहले से ही प्रचलन है।
केन्द्र द्वारा कौन से नए नियम बनाए गए?
अगर सोशल मीडिया पर किसी की आपत्तिजनक तस्वीर पोस्ट की जाती है, तो शिकायत मिलने के 24 घंटे के भीतर हटाना होगा। कोई अदालत या सरकारी संस्था किसी आपत्तिजनक, शरारती ट्वीट या मैसेज के फर्स्ट ओरिजिनेटर की जानकारी मांगती है, तो कंपनियों को देनी होगी। कंपनियों को तीन महीने में चीफ कम्प्लायंस ऑफिसर, नोडल कॉन्टैक्ट पर्सन, रेसिडेंट ग्रिवांस ऑफिसर अपॉइंट करने होंगे। ये भारतीय नागरिक होंगे। जो यूजर अपना वैरिफिकेशन चाहता हो, सोशल मीडिया कंपनियों को उसे इसकी व्यवस्था देनी होगी। जैसे ट्विटर वैरिफाइड अकाउंट को ब्लू टिक देता है।
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भारत में कोरोना: 24 घंटे में मिले 2.11 लाख केस, 2.82 लाख ठीक हुए, 3841 मरीजों की मौत
No commentsWednesday, May 26, 2021
May 26, 2021डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। भारत में कोरोनावायरस महामारी की दूसरी लहर का असर कम होने लगा है। एक्टिव केस हर दिन कम होते जा रहे हैं। वहीं, नए केस का आंकड़ा भी तीन लाख से नीचे आ गया है। रिकवरी रेट भी पहले से बेहतर हुआ है। हालांकि कोरोना से मरने वालों की संख्या में ज्यादा कमी देखने को नहीं मिल रही है।
देश में पिछले 24 घंटे में 2 लाख 11 हजार 275 नए कोरोना केस मिले हैं। वहीं, 2 लाख 82 हजार 924 लोग इस महामारी से ठीक हुए है। इस दौरान कोरोना संक्रमण से 3 हजार 841 लोगों की जान भी गई है। कोरोनावायरस संक्रमण के आंकड़े covid19india.org वेबसाइट से लिए गए हैं।
कोरोना वायरस महामारी से अब तक 2 करोड़ 73 लाख 67 हजार 935 लोग संक्रमित हो चुके हैं। वहीं, 2 करोड़ 46 लाख 26 हजार 14 लोग इस महामारी से ठीक हुए हैं। कोरोना से अब तक 3 लाख 15 हजार 263 लोगों की जान जा चुकी है। फिलहाल देश की अलग-अलग अस्पताल में 24 लाख 15 हजार 761 लोगों का इलाज किया जा रहाव है।
कोरोनावायरस की स्थिति
- बीते 24 घंटे में कुल नए केस आए: 2.11 लाख
- बीते 24 घंटे में कुल ठीक हुए: 2.82 लाख
- बीते 24 घंटे में कुल मौतें: 3,841
- अब तक कुल संक्रमित हो चुके: 2.73 करोड़
- अब तक ठीक हुए: 2.46 करोड़
- अब तक कुल मौतें: 3.11 लाख
- अभी इलाज करा रहे मरीजों की कुल संख्या: 24.15 लाख
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आईएमए की पीएम मोदी को चिट्ठी, बाबा रामदेव के खिलाफ देशद्रोह का केस दर्ज करने की मांग
No commentsडिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (IMA) ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को चिट्ठी लिखकर बाबा रामदेव के खिलाफ देशद्रोह का मामला दर्ज करने की मांग की है। इसके साथ ही वैक्सीनेशन के खिलाफ झूठे प्रचार पर रोक लगाए जाने की भी मांग आईएमए ने की है। आरोप लगाए गए हैं कि रामदेव की तरफ से कोरोना वैक्सीन को लेकर भ्रामक और गलत बयान दिए गए हैं। उन्होंने ऐलोपैथी और डॉक्टरों को लेकर भी विवादित टिप्पणी की।
क्या कहा आईएमए ने?
आईएमए ने कहा कि एक वीडियो में बाबा रामदेव की तरफ से यह दावा किया गया है कि 10 हजार डॉक्टरों की कोरोना वैक्सीन की दोनों डोज लेने के बावजूद मौत हो चुकी है और लाखों लोगों की मौत एलौपेथिक मेडिसिन की वजह से हुई है। पतंजलि प्रोडक्ट्स के मालिक रामदेव के ये वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। हम अस्पताल पहुंचने वाले लाखों मरीजों के ट्रीटमेंट में मिनिस्ट्री ऑफ हेल्थ की ओर से जारी गाइडलाइन्स और प्रोटोकॉल का पालन करते हैं। अगर कोई इस बात का दावा करता है कि एलौपेथिक मेडिसिन से लोगों की मौत हुई है तो यह प्रयास मिनिस्ट्री को चुनौती देने का है जिन्होंने हमें ट्रीटमेंट का प्रोटोकॉल दिया है।
क्या कहा था बाबा रामदेव ने?
बता दें कि बाबा रामदेव के जिस वीडियो पर डॉक्टरों ने आपत्ति जताई है उसमें योग गुरु वायरस के खिलाफ फेफड़ों को मजबूत करने में योग अभ्यास के गुणों के बारे में सलाह देते हुए दिखाई दे रहे हैं। वीडियो में एक लड़की कहती है कि उनके पिता के लंग्स का इंफेक्शन अनुलोम-विलोम करने से ठीक हो गया है। जिसके जवाब में बाबा रामदेव कहते हैं, ''अब बताइए...अगर आप अपने पिता को अस्पताल ले जातीं तो पता है ना वह कहां पहुंच जाते। अब मैं ऐसे बोल देता हूं तो बाबा क्यों बोलते हैं? अब बताओ 10 हजार से ज्यादा डॉक्टर तो वैक्सीन की डबल डोज लेकर कोविड होकर मर गए। 10 हजार से ज्यादा।''

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