
इंग्लैंड के क्रिकेटर इयान बेल ने 10 साल पहले हुए एक विवाद पर अब चुप्पी तोड़ी है। साथ ही उन्होंने 10 साल के बाद अपनी गलती स्वीकारी है। बता दें कि वर्ष 2011 में भारत और इंग्लैंड के बीच नॉटिंघम में टेस्ट मैच खेले गए थे। तीसरे टेस्ट मैच में इंग्लैंड के खिलाड़ी इयान बेल रन आउट हो गए थे। इस पर बड़ा विवाद खड़ा हो गया था। उस मैच में भारत के कप्तान महेन्द्र सिंह धोनी थे। विवाद होने के बाद धोनी ने इयान बेल को वापस बुलाया था। अब इयान बेल ने इस विवाद पर खुलासा करते हुए बयान दिया है। इयान बेल ने हाल ही एक यूट्यूब चैनल पर इस बारे में खुलकर बात की।
गलती मेरी थी: इयान बेल
इयान बेल ने एक यूट्यूब चैनल पर इस विवाद के बारे में बात करते हुए कहा कि गलती उनकी थी और उन्हें पवेलियन की तरफ नहीं जाना चाहिए था। साथ ही उन्होंने कहा कि महेन्द्र सिंह धोनी को इसके लिए खेल भावना के लिए दशक का अवॉर्ड जैसा सम्मान दिया गया था। साथ ही इयान बेल ने कहा,'मुझे ऐसा नहीं करना था, गलती मेरी थी। बता दें कि धोनी को दशक का Spirit Of The Game अवॉर्ड दिया गया।
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रन आउट को लेकर हुआ था विवाद
बता दें कि भारत और इंग्लैंड के बीच नॉटिंघम में खेले गए तीसरे टेस्ट मैच में इयान बेल मैच के तीसरे दिन इयोन मोर्गन के साथ क्रीज पर जमे हुए थे। टी ब्रेक से पहले मोर्गन ने एक शॉट खेला। वहीं इयान बेल इसे चौका समझ बैठे थे। ऐसे में इयान बेल क्रिज छोड़कर मोर्गन से बात करने लग गए। जबकि बॉल के बाउंड्री को छूने से पहले ही प्रवीण कुमार ने बॉल को पकड़ लिया था और थ्रो फेंका। इस प अभिनव मुकुंद ने बॉल पकड़कर गिल्लियां बिखेर दीं। टीम इंडिया की अपील पर थर्ड अंपायर ने इयान बेल को रनआउट दे दिया। इससे विवाद हो गया और दर्शकों ने इसे खेल भावना के विपरीत मानते हुए टीम इंडिया की हूटिंग शुरू कर दी थी।
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धोनी ने वापस बुलाया इयान बेल को
इसके बाद धोनी ने खेल भावना दिखाते हुए टी ब्रेक के दौरान इंग्लैंड के कप्तान एंड्रयू स्ट्रॉस और कोच एंडी फ्लॉवर से बात की और अपनी अपील वापस लेते हुए इयान बेल को वापस बल्लेबाजी करने के लिए बुलाया। टी ब्रेक खत्म होने के बाद इयान बेल को दोबारा बल्लेबाजी करने का मौका मिला। हालांकि आईसीसी नियमों के तहत इयान बेल क्रीज के बाहर थे और उन्हें थर्ड अंपायर ने रनआउट दिया था। वहीं धोनी की खेल भावना और उनके फैसले के लिए 10 साल बाद उन्हें दशक का स्पिरिट ऑफ क्रिकेट आफ द डिकेड अवॉर्ड दिया गया।
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